रायपुर । महिला आरक्षण बिल लोकसभा में पारित नहीं होने के बाद सियासत तेज हो गई है। भाजपा ने इसके विरोध में प्रदेशभर में प्रदर्शन शुरू कर दिए हैं। राजधानी रायपुर में भी भाजपा ने रैली निकालकर अपना विरोध दर्ज कराया।
रैली के दौरान मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने मीडिया से बातचीत में बड़ा ऐलान किया। उन्होंने कहा कि महिला आरक्षण बिल को पास कराने में विपक्ष ने सहयोग नहीं किया, जिसके विरोध में छत्तीसगढ़ विधानसभा में निंदा प्रस्ताव लाया जाएगा। इसके लिए सरकार जल्द ही विशेष सत्र बुलाएगी, जो संभवतः 29 अप्रैल से पहले आयोजित किया जाएगा और एक दिवसीय होगा।
सीएम साय ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी लगातार महिलाओं के हित में फैसले लेते रहे हैं, लेकिन कांग्रेस और अन्य विपक्षी दलों के कारण यह महत्वपूर्ण विधेयक पारित नहीं हो सका। उन्होंने कहा कि प्रदेश की महिलाएं इस मुद्दे को लेकर आक्रोशित हैं और जनता का विश्वास एनडीए सरकार पर बना हुआ है।
गौरतलब है कि हाल ही में संसद के विशेष सत्र में लाया गया संविधान का 131वां संशोधन विधेयक लोकसभा में पारित नहीं हो पाया। इस पर करीब 21 घंटे की चर्चा के बाद मतदान हुआ, जिसमें 528 सांसदों ने हिस्सा लिया। बिल के पक्ष में 298 और विरोध में 230 वोट पड़े, जबकि पारित होने के लिए 352 वोट जरूरी थे। इस तरह यह विधेयक 54 वोट से गिर गया।
इस बीच, राज्य में पहले भी कई अहम मौकों पर विधानसभा के विशेष सत्र बुलाए जा चुके हैं, जिनमें 2013 में झीरम घाटी हमले के बाद, 2019 में महात्मा गांधी की 150वीं जयंती पर और 2025 में राज्य गठन के 25 वर्ष पूरे होने के अवसर शामिल हैं।