एसबीआई म्यूचुअल फंड ने पेश किया बैलेंस हाइब्रिड फंड, 24 अगस्त तक निवेश का मौका
Posted on:
2026-08-10
एसबीआई म्यूचुअल फंड ने पेश किया बैलेंस हाइब्रिड फंड, 24 अगस्त तक निवेश का मौका
नई दिल्ली, 10 अगस्त। देश की दिग्गज एसेट मैनेजमेंट कंपनी एसबीआई म्यूचुअल फंड ने सोमवार को अपना नया फंड ऑफर \'एसबीआई बैलेंस्ड हाइब्रिड फंड\' लॉन्च किया। ये एक ओपन-एंडेड हाइब्रिड स्कीम है, जो निवेशकों को इक्विटी और डेट दोनों में संतुलित तरीके से पैसा लगाने का मौका देती है।
कंपनी ने एक बयान में बताया कि इस स्कीम में आर्बिट्राज की अनुमति नहीं है। इसका न्यू फंड ऑफर (एनएफओ) 10 से 24 अगस्त, 2026 तक सब्सक्रिप्शन के लिए खुला रहेगा। इस स्कीम की सबसे खास बात यह है कि यह केवल इक्विटी और डेट इंस्ट्रूमेंट्स में निवेश करती है। इसमें आर्बिट्राज स्ट्रैटेजी का इस्तेमाल नहीं किया जाता।
\'एसबीआई बैलेंस्ड हाइब्रिड फंड\' एक ओपन-एंडेड हाइब्रिड स्कीम है, जिसमें निवेशकों का पैसा इक्विटी और डेट दोनों में लगाया जाएगा। यह न्यू फंड ऑफर 10 अगस्त से सब्सक्रिप्शन के लिए खुल गया है। निवेशक इसमें 24 अगस्त, 2026 तक निवेश कर सकते हैं। फंड का उद्देश्य लंबी अवधि में कैपिटल एप्रिसिएशन के साथ इनकम जनरेट करना है।
कंपनी के मुताबिक इस स्कीम में फंड का 40 से 60 फीसदी हिस्सा इक्विटी और इक्विटी-रिलेटेड इंस्ट्रूमेंट्स में लगाया जाएगा। वहीं, बाकी रकम डेट सिक्योरिटीज, सिक्योरिटाइज्ड डेट, डेट डेरिवेटिव्स और मनी मार्केट इंस्ट्रूमेंट्स में निवेश होगी। खास बात यह है कि फंड केवल इक्विटी और डेट में निवेश करेगा और आर्बिट्राज स्ट्रैटेजी का इस्तेमाल नहीं किया जाएगा।
फंड भारतीय बाजार के साथ विदेशी सिक्योरिटीज में भी निवेश कर सकता है। इसके अलावा स्कीम अपनी नेट एसेट्स का अधिकतम 35 फीसदी विदेशी इक्विटी, एडीआर, जीडीआर, ओवरसीज ईटीएफ और डेट सिक्योरिटीज में लगा सकती है। इसका इक्विटी पोर्टफोलियो तन्मय देसाई और डेट पोर्टफोलियो राजीव राधाकृष्णन संभालेंगे। बेंचमार्क निफ्टी 50 हाइब्रिड कम्पोजिट डेट 50:50 इंडेक्स है।
इस एनएफओ में निवेश की शुरुआत 5 हजार रुपये से की जा सकती है। इसके बाद एक हजार रुपये के गुणक में अतिरिक्त निवेश किया जा सकता है। छोटे निवेश से भी इस हाइब्रिड फंड में शुरुआत संभव है। हालांकि, निवेश से पहले फंड के जोखिम और अपने वित्तीय लक्ष्य को समझना जरूरी है।
एग्जिट लोड की बात करें तो अलॉटमेंट से एक साल के भीतर कुल यूनिट्स के 10 फीसदी तक रिडीम करने पर कोई चार्ज नहीं लगेगा। 10 फीसदी से अधिक यूनिट्स निकालने पर अतिरिक्त हिस्से पर एक फीसदी एग्जिट लोड लगेगा। एक साल पूरा होने के बाद रिडीम करने पर एग्जिट लोड नहीं लगेगा। एनएफओ में निवेश करने से पहले ऑफर डॉक्यूमेंट और लागू शर्तें जरूर पढ़ें।