80वें स्वतंत्रता दिवस से पहले केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (CRPF) ने मंगलवार को श्रीनगर के ऐतिहासिक लाल चौक स्थित घंटाघर में स्कूली छात्रों के साथ तिरंगा रैली का आयोजन किया। रैली का उद्देश्य देशभक्ति की भावना को बढ़ावा देना और ‘हर घर तिरंगा’ अभियान के प्रति जागरूकता पैदा करना था।
रैली के दौरान छात्रों ने हाथों में तिरंगा लेकर CRPF जवानों के साथ मार्च किया। इस दौरान स्वतंत्रता संग्राम में देश के लिए बलिदान देने वाले स्वतंत्रता सेनानियों और राष्ट्र की रक्षा करते हुए सर्वोच्च बलिदान देने वाले वीर जवानों को श्रद्धांजलि दी गई।
CRPF की 132वीं बटालियन, श्रीनगर के सहायक कमांडेंट प्रह्लाद सिंह ने बताया कि यह रैली प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा शुरू की गई वार्षिक ‘हर घर तिरंगा’ पहल के तहत आयोजित की गई।
उन्होंने कहा कि पास के स्कूल के छात्रों के साथ रैली आयोजित करने का उद्देश्य उन्हें स्वतंत्रता संग्राम और स्वतंत्रता सेनानियों के बलिदान के बारे में जानकारी देना है, ताकि विद्यार्थी उनसे प्रेरणा लेकर देश की सेवा करने की भावना विकसित कर सकें।
रैली में शामिल छात्रों ने भी इसे लेकर खुशी जाहिर की। उन्होंने कहा कि इस तरह की पहल युवाओं को स्वतंत्रता संग्राम में दिए गए बलिदानों और देश की सुरक्षा में सशस्त्र बलों तथा सुरक्षा बलों के योगदान को समझने में मदद करती है।
एक छात्र ने कहा कि ‘हर घर तिरंगा’ एक अच्छी पहल है, क्योंकि सभी को स्वतंत्रता के लिए लोगों द्वारा दिए गए बलिदान और देश की रक्षा में सैनिकों के योगदान के बारे में जानना चाहिए।
दूसरे छात्र ने कहा कि हर घर में तिरंगा फहराया जाना चाहिए और लोगों को स्वतंत्रता संग्राम के इतिहास को जानकर उससे प्रेरणा लेनी चाहिए। उन्होंने कहा कि तिरंगा फहराकर सुरक्षा बलों का सम्मान और उनके बलिदान को याद किया जाना चाहिए।
एक अन्य छात्र ने कहा कि रैली में शामिल होकर वे राष्ट्र और सुरक्षा बलों का सम्मान करना चाहते हैं तथा स्वतंत्रता सेनानियों के साहस और बलिदान के प्रति आभार व्यक्त करना चाहते हैं।
‘हर घर तिरंगा’ अभियान की शुरुआत ‘आजादी का अमृत महोत्सव’ के तहत की गई थी। इसका उद्देश्य नागरिकों को अपने घरों पर राष्ट्रीय ध्वज फहराने के लिए प्रोत्साहित करना और स्वतंत्रता दिवस के उत्सव में उनकी भागीदारी सुनिश्चित करना है।
इस अभियान के पीछे यह विचार था कि राष्ट्रीय ध्वज के साथ लोगों का संबंध पहले मुख्य रूप से औपचारिक और संस्थागत रहा है। नागरिकों को तिरंगा अपने घर लाने के लिए प्रोत्साहित कर इसे राष्ट्र के प्रति व्यक्तिगत जुड़ाव और गौरव की अभिव्यक्ति के रूप में विकसित करने का प्रयास किया गया।
‘हर घर तिरंगा 2026’ इस वर्ष ‘वंदे मातरम् के 150 वर्ष’ की भावना को समर्पित है। इसके तहत तिरंगे के प्रति गौरव, देशभक्ति और राष्ट्रगीत ‘वंदे मातरम्’ में व्यक्त मातृभूमि के प्रति गहरे प्रेम की भावना को रेखांकित किया जा रहा है।