राष्ट्रपति मुर्मु 19 से 25 जुलाई तक मोल्दोवा, उत्तरी मैसेडोनिया व रोमानिया के दौरे पर
Posted on:
2026-07-17
राष्ट्रपति मुर्मु 19 से 25 जुलाई तक मोल्दोवा, उत्तरी मैसेडोनिया व रोमानिया के दौरे पर
नई दिल्ली, 17 जुलाई । राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु 19 से 25 जुलाई तक मोल्दोवा, उत्तरी मैसेडोनिया और रोमानिया की राजकीय यात्रा पर जाएंगी। इस दौरान वह तीनों देशों के शीर्ष नेतृत्व के साथ द्विपक्षीय वार्ता करेंगी तथा व्यापार, निवेश और विभिन्न क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने पर चर्चा करेंगी।
विदेश मंत्रालय के सचिव (पश्चिम) सिबी जॉर्ज ने राष्ट्रपति मुर्मु की यात्रा से जुड़ी एक विशेष पत्रकार वार्ता में कहा कि ये राजकीय यात्राएं मोल्दोवा, उत्तरी मैसेडोनिया और रोमानिया के राष्ट्रपतियों के निमंत्रण पर की जा रही हैं। इन तीन देशों की यात्रा का विशेष ऐतिहासिक महत्व है क्योंकि यह मोल्दोवा और उत्तरी मैसेडोनिया में किसी भारतीय राष्ट्रपति की पहली द्विपक्षीय यात्रा है। रोमानिया की यात्रा तीन दशकों से अधिक समय में किसी भारतीय राष्ट्रपति की पहली राजकीय यात्रा होगी, इससे पहले ऐसी यात्रा 1994 में की गई थी।
विदेश मंत्रालय ने शुक्रवार को बताया कि राष्ट्रपति मुर्मु 20 जुलाई को राष्ट्रपति मैया सैंडू के निमंत्रण पर मोल्दोवा पहुंचेंगी। किसी भारतीय राष्ट्रपति की यह मोल्दोवा की पहली यात्रा होगी। यात्रा के दौरान राष्ट्रपति अपनी समकक्ष मैया सैंडू के साथ प्रतिनिधिमंडल स्तर की वार्ता करेंगी। वह मोल्दोवा की संसद के अध्यक्ष इगोर ग्रोसु से भी मुलाकात करेंगी। राष्ट्रपति मोल्दोवा-भारत संसदीय मैत्री समूह के सदस्यों के साथ बातचीत करेंगी। इसके अलावा वह भारत-मोल्दोवा बिजनेस फोरम को संबोधित करेंगी तथा भारतीय समुदाय के सदस्यों से भी मिलेंगी।
मंत्रालय के अनुसार भारत और मोल्दोवा के बीच मैत्रीपूर्ण संबंध हैं। यह यात्रा दोनों देशों के संबंधों को व्यापक साझेदारी के स्तर तक ले जाने की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम होगी। कृषि, स्वास्थ्य एवं औषधि, सूचना प्रौद्योगिकी तथा शिक्षा जैसे क्षेत्रों में सहयोग की व्यापक संभावनाएं हैं।
राष्ट्रपति मुर्मु 21 एवं 22 जुलाई को राष्ट्रपति गोर्डाना सिलजानोव्स्का-दावकोवा के निमंत्रण पर उत्तरी मैसेडोनिया की राजकीय यात्रा करेंगी। किसी भारतीय राष्ट्रपति की यह उत्तरी मैसेडोनिया की भी पहली यात्रा होगी। इस दौरान वह राष्ट्रपति गोर्डाना सिलजानोव्स्का-दावकोवा, प्रधानमंत्री क्रिस्टिजन मिकोस्की और असेंबली के अध्यक्ष से मुलाकात करेंगी तथा उत्तरी मैसेडोनिया की असेंबली को संबोधित करेंगी। वह भारत-उत्तरी मैसेडोनिया बिजनेस फोरम में भी भाग लेंगी। दोनों देशों की कृषि, औषधि, विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी, सूचना प्रौद्योगिकी तथा आईटीईएस जैसे प्राथमिकता वाले क्षेत्रों में आर्थिक सहयोग बढ़ाने में विशेष रुचि है।
इसके बाद राष्ट्रपति मुर्मु 23 से 25 जुलाई तक राष्ट्रपति निकुशोर डैन के निमंत्रण पर रोमानिया की राजकीय यात्रा करेंगी। तीन दशक से अधिक समय बाद किसी भारतीय राष्ट्रपति की यह पहली रोमानिया यात्रा होगी। अपनी यात्रा के दौरान वह राष्ट्रपति निकुशोर डैन, अंतरिम प्रधानमंत्री इली बोलोजान, सीनेट के अध्यक्ष मिर्सिया अब्रुडियन, चैंबर ऑफ डेप्युटीज के अध्यक्ष सोरिन ग्रिंडियानु, रोमानिया-भारत संसदीय मैत्री समूह के सदस्यों से भी मुलाकात करेंगी। इसके अलावा वह भारत-रोमानिया बिजनेस फोरम को संबोधित करेंगी और भारतीय समुदाय के सदस्यों के साथ बातचीत करेंगी।
विदेश मंत्रालय ने कहा कि रोमानिया यूरोपीय संघ में भारत का एक महत्वपूर्ण साझेदार है और भारत-यूरोपीय संघ मुक्त व्यापार समझौते के पूरा होने के बाद दोनों देशों के आर्थिक संबंधों को और मजबूती मिलने की संभावना है।
सिबी जॉर्ज ने कहा कि तीन देशों की यह यात्रा मध्य और पूर्वी यूरोप के साथ भारत के बढ़ते जुड़ाव को दिखाती है और इस क्षेत्र के देशों के साथ हमारी साझेदारी को मज़बूत करने के हमारे संकल्प को फिर से दोहराती है। यह यूरोप के साथ भारत के व्यापक जुड़ाव और यूरोपीय संघ के साथ रणनीतिक साझेदारी को भी आगे बढ़ाती है।
भारत-ईयू एफटीए पर सचिव (पश्चिम) ने कहा कि इस साल जनवरी में हमने एफटीए चर्चा पूरी की। इसने निश्चित रूप से भारत और यूरोपीय संघ के देशों के बीच व्यापार संबंधों में महत्वपूर्ण प्रगति की है। सब कुछ वैसा ही हो रहा है जैसा हमने एफटीए के लागू होने में योजना बनाई थी। जैसा कि योजना बनाई गई है, यह चल रहा है और यह निश्चित रूप से यूरोपीय संघ के प्रत्येक सदस्य देश के साथ हमारे आर्थिक जुड़ाव के निर्माण में योगदान देगा।
भारत मोल्दोवा में दूतावास खोलने की योजना से जुड़े एक प्रश्न पर उन्होंने कहा कि इस स्तर पर नए दूतावास खोलने का कोई प्रस्ताव नहीं है।