अमेरिका
ने ईरान के अंदर इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कोर (आईआरजीसी) के ठिकानों पर नए
सिरे से हमले शुरू कर दिए हैं। ईरानी मीडिया ने बताया कि बंदर अब्बास,
होर्मुज, असलूयेह, जिरोफ्ट,
केशम द्वीप, कोनारक, चाबहार,
जास्क, सिरिक और लावन में विस्फोटों की आवाजें
सुनी गईं।
अमेरिकी
केंद्रीय कमान (CENTCOM) ने कहा कि
उसने ईरानी सैन्य ठिकानों पर हमलों की श्रृंखला पूरी कर ली है, जिनमें हवाई रक्षा केंद्र, बारूदी सुरंग बिछाने की
क्षमता और संचार केंद्र शामिल हैं। उसने कहा कि ये हमले हाल ही में आईआरजीसी
द्वारा होर्मुज जलडमरूमध्य में वाणिज्यिक जहाजों और अमेरिकी सैनिकों पर किए गए
हमलों के प्रयासों के बाद किए गए हैं। ईरान के विदेश मंत्रालय ने कहा कि अमेरिकी
हमलों में कुहेस्ताक शहर में एक घर को निशाना बनाया गया, जहां
शादी समारोह चल रहा था, जिसके परिणामस्वरूप चार नागरिकों की
मौत हो गई और 50 से अधिक लोग घायल हो गए।
अमेरिकी
राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ट्रुथ सोशल पर एक पोस्ट में चेतावनी दी है कि ईरान
द्वारा इस न्यायसंगत हमले के जवाब में की गई किसी भी जवाबी कार्रवाई का वाशिंगटन
द्वारा और भी कड़ा जवाब दिया जाएगा। ट्रंप ने यह भी संकेत दिया कि तेहरान पर इससे
भी बड़ा हमला होना बाकी है।
इसके जवाब में, ईरान के आईआरजीसी ने जॉर्डन के कैंप टिटिन में अमेरिकी सैन्य बैरकों पर हमले की जिम्मेदारी ली। ईरान की सेना ने कहा कि उसने बहरीन के शेख ईसा हवाई अड्डे पर तैनात अमेरिकी बलों को निशाना बनाया। कुवैत की सेना ने कहा कि देश की हवाई रक्षा ने ईरान से आए \"शत्रु ड्रोन\" हमलों का जवाब दिया।