भारतीय ऑटोमोबाइल डीलरों का भरोसा आगामी तिमाही के लिए मजबूत हुआ है। जून, जुलाई और अगस्त 2026 के दौरान 59.07 प्रतिशत डीलरों को कारोबार में वृद्धि की उम्मीद है। फेडरेशन ऑफ ऑटोमोबाइल डीलर्स एसोसिएशंस (FADA) की रिपोर्ट के अनुसार, पिछली सर्वेक्षण अवधि की तुलना में डीलरों का विश्वास बढ़ा है, जिससे उद्योग का निकट भविष्य का दृष्टिकोण सतर्क आशावाद से भरा दिखाई देता है।
रिपोर्ट के मुताबिक, जून महीने के लिए 50.52 प्रतिशत डीलरों ने बिक्री बढ़ने की उम्मीद जताई है, जबकि 39.90 प्रतिशत डीलरों का मानना है कि बाजार स्थिर रहेगा। केवल 9.59 प्रतिशत डीलरों को बिक्री में गिरावट की आशंका है।
FADA ने कहा कि जून का परिदृश्य संतुलित लेकिन सकारात्मक नजर आ रहा है। दक्षिण-पश्चिम मानसून की प्रगति और ग्रामीण क्षेत्रों में नकदी प्रवाह से मांग को समर्थन मिलने की उम्मीद है, हालांकि लागत संबंधी दबाव अभी भी बने हुए हैं।
मई में ऑटो रिटेल बिक्री ने बनाया रिकॉर्ड
मई 2026 में भारतीय ऑटो रिटेल बाजार ने मजबूती दिखाई और कुल बिक्री 9.55 प्रतिशत बढ़कर 25,31,067 इकाई पर पहुंच गई। यह यात्री वाहनों, तीन पहिया वाहनों और ट्रैक्टरों के लिए अब तक का सबसे बेहतर मई महीना रहा।
FADA के अध्यक्ष सी. एस. विग्नेश्वर ने कहा कि अप्रैल में जिन चुनौतियों की आशंका जताई गई थी, जैसे अत्यधिक गर्मी, ईंधन कीमतों का दबाव और पश्चिम एशिया की भू-राजनीतिक स्थिति, उनका असर मई में देखने को मिला। इसके बावजूद ऑटो रिटेल बाजार ने मजबूत प्रदर्शन किया।
उन्होंने कहा कि अप्रैल की तुलना में मई में बिक्री में 6.75 प्रतिशत की मासिक गिरावट दर्ज की गई, जो मौसमी कारणों और मानसून में देरी के चलते सामान्य रही। इसके बावजूद मांग का मजबूत बने रहना बाजार की मजबूती को दर्शाता है।
पैसेंजर व्हीकल और ग्रामीण मांग बनी प्रमुख ताकत
मई में यात्री वाहन (Passenger Vehicles) बिक्री 23.25 प्रतिशत बढ़कर 4,02,591 इकाई रही। इसमें ग्रामीण क्षेत्रों की मांग ने अहम भूमिका निभाई, जहां बिक्री 30.35 प्रतिशत बढ़ी, जबकि शहरी क्षेत्रों में यह वृद्धि 18.80 प्रतिशत रही।
दोपहिया वाहनों का पंजीकरण 7.54 प्रतिशत बढ़कर 18,44,947 इकाई तक पहुंच गया। वहीं, वाणिज्यिक वाहनों (Commercial Vehicles) की बिक्री 5.29 प्रतिशत बढ़कर 83,823 इकाई रही।
ट्रैक्टर बिक्री में भी 11.17 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई और कुल 83,092 ट्रैक्टर बिके। हालांकि, व्हील्ड कंस्ट्रक्शन इक्विपमेंट की बिक्री 17.51 प्रतिशत घटकर 5,088 इकाई रह गई।
इलेक्ट्रिक और CNG वाहनों की ओर बढ़ रहा रुझान
FADA के अनुसार, मई के अंत तक पैसेंजर वाहनों का स्टॉक 31-33 दिनों तक पहुंच गया, जो उद्योग के लिए सुझाए गए 21 दिनों के स्तर से अधिक है।
रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि ईंधन कीमतों में हालिया बढ़ोतरी के बाद उपभोक्ताओं का रुझान वैकल्पिक ईंधन वाले वाहनों की ओर बढ़ रहा है। दोपहिया वाहनों में इलेक्ट्रिक वाहनों (EV) की हिस्सेदारी 9.25 प्रतिशत तक पहुंच गई है, जबकि पैसेंजर वाहनों में CNG मॉडल्स की हिस्सेदारी 23.34 प्रतिशत रही।
मानसून और खरीफ सीजन से बढ़ेगी मांग
FADA का मानना है कि दक्षिण-पश्चिम मानसून की प्रगति और खरीफ फसलों की बुवाई शुरू होने से ग्रामीण क्षेत्रों में आय बढ़ेगी, जिससे अगले तीन महीनों में वाहन बिक्री को समर्थन मिलेगा।